Monday, June 1, 2009

rashid ki shayyiri

यह एजाज़[miracle]-ए-मोहब्बत की जूनून-खेजी[madness] है
मैं जो दिल में तेरे क़दमों के निशान देखूं
मेरी गुस्ताख निगाही का गिला क्यूँ 'राशिद'
वोह जहाँ तक मुझे कह देन मैं वहां तक देखूं

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